तीन दिनों में 40 और पिछले 53 दिनों में करीब 100 लोगों की मौत; इंटरनेट और मोबाइल सेवाएं भी बंद
सरदार अरमान कश्मीरी ने कहा कि यह आंदोलन किसी राजनीतिक एजेंडे के लिए नहीं, बल्कि आम नागरिकों के बुनियादी अधिकारों की मांग को लेकर चलाया जा रहा है। उन्होंने कहा कि मतदान का अधिकार, बेहतर स्वास्थ्य सेवाएं, गुणवत्तापूर्ण शिक्षा, न्याय और मजबूत बुनियादी ढांचा हर नागरिक का अधिकार है।
हालांकि, इन दावों की स्वतंत्र पुष्टि फिलहाल नहीं हो सकी है, क्योंकि क्षेत्र में संचार सेवाएं बाधित होने से जानकारी सीमित रूप से उपलब्ध हो रही है।
एंकर: राष्ट्रीय समाचार